उत्तराखंड ग्लोबल इन्वेस्टर सम्मिट 2023 : मुंबई रोड शो में हुए 30200 करोड़ रु. के एमओयू

उत्तराखंड ग्लोबल इन्वेस्टर सम्मिट 2023 : मुंबई रोड शो में हुए 30200 करोड़ रु. के एमओयू

  • सभी रोड शो से अब तक 1.24 लाख करोड़ रुपए से अधिक के एमओयू
  • मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुंम्बई रोडशो में प्रतिभाग किया
  • आागामी 5 वर्षों में उत्तराखंड की जीएसडीपी को दोगुना करने का लक्ष्य : मुख्यमंत्री

मुंबई/देहरादून, लोक संस्कृति

सोमवार को उत्तराखंड सरकार तथा राज्य में निवेश हेतु उत्साहित विभिन्न क्षेत्रों के उद्योग समूहों के मध्य मुंबई रोड शो में 30200 करोड़ के MoU किए गए हैं। जिन बड़ी कंपनियों से एमओयू किए गए उनमें से कुछ प्रमुख है, इमेजिका ( थीम पार्क) आत्मन्तन:(रिजॉर्ट), एसीएमई (सौर सेल विनिर्माण), CTRLs (डेटा सेंटर) पर्फ़ेटी(नवीकरणीय ऊर्जा), लॉसंग अमेरिका (आईटी), क्रोमा एटोर, क्लीन मैक्स एनवाइरो (नवीकरणीय ऊर्जा) , साइनस (हेल्थ केयर)

इसके साथ ही कुछ अन्य महत्वपूर्ण फर्मों से बातचीत हुई जिनमें जेएसडब्ल्यू स्पोर्ट्स, गोदरेज केमिकल्स,एस्टार भोजन,वी अर्जुन लॉजिस्टिक्स पार्क प्रमुख हैं।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में अब तक देश से बाहर लंदन, बर्मिघम, अबुधाबी, दुबई में 4 इंटरनेशनल रोड शो हो चुके हैं जबकि देशभर में प्रदेश सरकार दिल्ली, चेन्नई, बेंगलुरु, अहमदाबाद और मुंबई में रोड शो कर चुकी है। बीते 14 सितंबर और 4 अक्टूबर को धामी सरकार दिल्ली में ₹26575 करोड़, 26 और 27 सितंबर को ब्रिटेन में ₹12500 करोड़, 17 और 18 अक्टूबर को यूएई में ₹15475 करोड़ के निवेश का करार कर चुकी है। इसके अलावा 26 अक्टूबर को चेन्नई में ₹10150 करोड़, 28 अक्टूबर को बेंगलुरु में ₹4600 करोड़ और 1 नवंबर को अहमदाबाद में ₹24000 करोड़ के निवेश प्रस्ताव का करार हुआ है। अब मुंबई रोड शो में 30200 करोड़ रुपए के एमओयू किए गए हैं।

अब तक प्रदेश सरकार द्वारा जिन निवेशकों से इन्वेंस्टमेंट एमओयू साइन किए गए हैं उनमें प्रमुखतः टूरिज्म हास्पिटैलिटी सेक्टर, आयुष वेलनेस सेक्टर, मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर, फार्मा सेक्टर, फूड प्रोसेसिंग, रियल एस्टेट-इंफ्रा, पंप्ड स्टोरेज सेक्टर, ग्रीन एंड रिन्यूएबल एनर्जी एवं ऑटोमोबाइल सेक्टर शामिल हैं।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को मुम्बई में ग्लोबल इन्वेस्टर समिट हेतु आयोजित रोड शो में प्रतिभाग किया।

इस दौरान मुख्यमंत्री ने देश के प्रमुख उद्योग समूहों के साथ बैठक कर उत्तराखण्ड में निवेश की सम्भावनओं पर चर्चा की। मुख्यमंत्री धामी ने सभी निवेशकों को आगामी 8-9 दिसम्बर को आयोजित होने वाले ग्लोबल इन्वेस्ट समिट हेतु आमत्रित भी किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मुंबई देश की आर्थिक राजाधानी ही नहीं बल्कि यह भारत के विकास की अनूठी कहानी का एक प्रमुख भाग है। जहां मुंबई देश की आर्थिक राजधानी है, वहीं उत्तराखंड देश की आध्यात्मिक राजधानी है, इसलिए इन दोनों के बीच परस्पर समन्वय एवं साझेदारी अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र, विशेषकर मुंबई और उत्तराखंड एक दूसरे के पूरक हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी राष्ट्र के विकास के लिए जहां आधुनिक तकनीक तथा प्रबंधकीय कौशल आवश्यक है।

वहीं आध्यात्मिक शक्ति एवं शांति भी अत्यंत आवश्यक है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड ने भ अपनी जीएसडीपी को आगामी 5 वर्षों में दोगुना करने का लक्ष्य निर्धारित किया है, इस क्रम में सशक्त उत्तराखण्ड मिशन प्रारंभ किया है। 8-9 दिसंबर को आयोजित होने वाले उत्तराखण्ड ग्लोबल इनवेस्टर्स समिट-2023 भी इसी मिशन का एक विशिष्ट भाग है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में औद्योगिक क्षेत्र में निवेश बढ़ेगा तो रोजगार के अवसरों में वृद्धि हो सकेगी।

उन्होंने कहा कि अब तक के रोड शो से लगभग एक लाख, 24 हजार करोड़ से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, उससे यह सिद्ध होता है कि देश ही नहीं बल्कि विदेशों के उद्यमी भी उत्तराखंड में निवेश करने के लिए उत्साहित हैं।उन्होंने कहा के प्रदेश सरकार ने सरलीकरण, समाधान, निस्तारण और संतुष्टि के मूल सिद्धांत को अपनाकर राज्य में ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के क्षेत्र में अभूतपूर्व प्रगति की है, साथ ही आदरणीय प्रधानमंत्री जी ने 2015 में प्रभावी प्रशासन के लिए प्रो-एक्टिव गवर्नेस एंड टाइमली इम्प्लीमेंटेशन का जो सूत्र दिया था, सरकार उसी को आत्मसात करने का प्रयास कर रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में लाइसेंस आदि के अनुमोदनों के लिए सिंगल विंडो सिस्टम की व्यवस्था में सुधार किया गया हैं तथा व्यवसाय की स्थापना और संचालन के लिये आवश्यक सभी स्वीकृतियों के लिए वन स्टॉप शॉप व्यवस्था भी शुरु की है। मुख्यमंत्री ने निवेशकों को सम्बोधित करते हुए कहा कि सरकार उत्तराखंड में उद्योग समूहों को अपने उद्योग स्थापित करने में किसी भी प्रकार की समस्या का सामना नहीं करना पड़ेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार द्वारा मजबूत नीतिगत ढांचे में निवेशक हितैषी नीतियां बनाने के लिए कई नई नीतियां बनाई गई हैं, कई नीतियों को सरल बनाया गया है।

इस अवसर पर मुख्य सचिव डॉ0 एस.एस सन्धु, सचिव डॉ0 आर मीनाक्षी सुंदरम, सचिव उद्योग विनय शंकर पांडेय, महानिदेशक उद्योग  रोहित मीणा, महानिदेशक सूचना बंशीधर तिवारी समेत विभिन्न उद्योग समूहों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *